Sunday, 28 June 2026

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उठो मुसाफिर स्कूल के टीचर ,गाड़ी आने वाली है,
टीचर जी का मन भी रोये , घंटी बजने वाली है 

गर्मियों की प्यारी छुट्टियाँ पल में बीती हाय  रे 
सोचा था आराम करेंगे , काम ही काम कराया रे 
अब चॉक डस्टर ,और रजिस्टर ,होली और दिवाली है
उठो मुसाफिर स्कूल के टीचर ,गाड़ी आने वाली है 
उठो मुसाफिर बिस्तर बांधो , गाड़ी आने वाली है
कहाँ छुपाया लेसन प्लान ढूंढो उसको रो रो के 
नींद अधूरी रह जाएगी , जागना होगा सो सो के,
आलस वाली सुबह की चाय अब छूटने वाली है ,
उठो मुसाफिर स्कूल के टीचर ,गाड़ी आने वाली है
उठो मुसाफिर बिस्तर बांधो , गाड़ी आने वाली है.
बच्चों से तो ज्यादा हाय, सर मैडम ही रो रहे 
कटी छुट्टियां रील्स देख कर, दिल दुखी कर कह रहे 
फिर से कॉपियों की चेकिंग सर पे आने वाली है ,
उठो मुसाफिर स्कूल के टीचर ,गाड़ी आने वाली है
उठो मुसाफिर बिस्तर बांधो , गाड़ी आने वाली है

चलो रे शिक्षक कस लो कमर ,ड्यूटियों की आई बारी है,
भारी दिल और मन मारे स्कूल की तयारी है 
 विद्यालय के गेट पर वर्कशॉप की तैयारी है 
उठो मुसाफिर स्कूल के टीचर ,गाड़ी आने वाली है
 उठो मुसाफिर बिस्तर बांधो , गाड़ी आने वाली है


अज्ञात 




 
 

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